'राम तेरी गंगा मैली' में तहलका मचाने वाली मंदाकिनी नहीं थी फिल्म की पहली पसंद

'राम तेरी गंगा मैली' से अपनी फ़िल्मी करियर की शुरुआत करने वाली मंदाकिनी, गंगा के किरदार के लिए पहली पसंद नहीं थी. राज कपूर ने इस फिल्म के ज़रिये पहले संजना कपूर को लांच करने का सोचा था.

Mandakini Ram Teri Ganga Maili 'राम तेरी गंगा मैली' में तहलका मचाने वाली मंदाकिनी नहीं थी फिल्म की पहली पसंद Source : Press

बॉलीवुड के शो मैन राज कपूर ने इंडस्ट्री को एक से बढ़कर एक हिट फिल्में दी हैं. कई फिल्में तो ऐसी रहीं जिनका नाम इतिहास के पन्नो में दर्ज है. उन्ही में से एक फिल्म का नाम है 'राम तेरी गंगा मैली'. 

इस फिल्म के कई किस्से ऐसे है जिसे  जानकार आपको हैरानी ज़रूर होगी. तो आईये जानते है राजकपूर के निर्देशन में बानी फिल्म 'राम तेरी गंगा मैली' से जुडी कुछ खास बातें. 

साल 25 जुलाई 1985 में रिलीज हुई फिल्म 'राम तेरी गंगा मैली' में राज कपूर के सबसे छोटे बेटे राजीव कपूर लीड रोल में थे और उनके अपोजिट थीं मंदाकिनी. लेकिन अगर मैं आपसे कहूं की 'राम तेरी गंगा मैली' से अपनी फ़िल्मी करियर की शुरुआत करने वाली मंदाकिनी, गंगा के किरदार के लिए पहली पसंद नहीं थी तो शायद आप यकीं नहीं करेंगे . 

राज कपूर ने इस फिल्म के ज़रिये पहले संजना कपूर को लांच करने का सोचा था. बाद में गंगा के रोल के लिए डिंपल कपाड़िया का भी नाम आगे आया था यहाँ तक की उनका स्क्रीन टेस्ट भी हुआ था. लेकिन, आखिरकार गंगा के किरदार के लिए मेरठ की रहने वाली यास्मीन जोसेफ यानी की मंदाकिनी का चुनाव हुआ. 

फिल्म के लीड एक्टर राजीव कपूर से ज़्यादा मंदाकिनी चर्चा में थी और इसका कारण था फिल्म में झरने के नीचे सफेद कपड़े पहन कर मंदाकिनी का भीगने वाला सीन. सिनेमान घरों में आते ही इस फिल्म ने तहलका मचा दिया था. उस वक़्त मंदाकिनी महज 22 साल की थी. इस फिल्म के लिए उन्हें फिल्मफेयर अवॉर्ड्स में बेस्ट एक्ट्रेस का नॉमिनेशन भी मिला था.